Shayad Isiliye main Nakaam Rahi Aksar
Cheez jo maangi sab se juda maangi

Us Ki Jeet Se Hoti Hai Khushi Mujh Ko
Yahi Jawab Mare Paas Apni Haar Ka Tha

Meri tanhayi ko mera shoq mat samajhna
Bohat pyar se diya hai yeh tohfa kisi ne

कब तक भूगतूँ मै अब सज़ा तेरी
एइश्क गलती हो गई बस माफ़ कर अब मुझे

आँधियों ने लाख बढ़ाया हौसला धूल का
दो बूँद बारिश ने औकात बता दी

इतना दर्द तो मोत भी नहीं देती है
जितना तेरी ख़ामोशी ने दिया है…

तुम्हारी वेबफाई ने जीते जी मार डाला
हंसती हुई मेरी जिंदगी को यूं बेजार कर डाला

अंदर कोई झांके तो टुकड़ो में मिलूंगा मैं
यह हँसता हुआ चेहरा तो ज़माने के लिए है

खो जाआे मुझ में तो मालूम हो कि दर्द क्या है
ये वो किस्सा है दो ज़ुबान से बयां नहीं होता

अजीब मजाक करती हैं यह नौकरी काम मजदूरों वाले कराती हैं
और लोग साहब कहकर बुलाते हैं
Er kasz

याद आयेगी मेरी तो बीते कल को पलट लेना
यूँ ही किसी पन्ने में मुस्कुराता हुआ मिल जाऊंगा
Er kasz

कदर करलो उनकी जो तुमसे बिना मतलब की चाहत करते है
दुनिया में ख्याल रखने वाले कम और तकलीफ देने वाले ज्यादा होते है

मैंने दिल के दरवाजे पर लिखा अंदर आना सख्त मना है
प्यार हँसता हुआ आया और बड़ी मासूमियत से बोला मुझे माफ करना मैं तो अन्धा हूँ

Tum Tum Or Bas tum
Lo khatm Ho gai Meri Dastan

Hadd ho gai intezar ki
aisi ki taisi aise pyar ki