दुनिया बड़ी जालिम है हर बात छिपानी पड़ती है
दिल में दर्द होता है फिर भी होंठो पर हंसी लानी पड़ती है

कदर करनी है तो जीते जी करो
अर्थी उठाते वक़्त तो नफरत करने वाले भी रो पड़ते हैं

कभी कभी लंगड़े घोड़े पे दाव लगाना ज्यादा सही होता है‪
क्योंकी दर्द जब जूनून बन जाए तब मंजिल बहुत नज़दीक लगने लगती है

Kisi se kabhi koi umeed mat rakhna
Kyu ki umeed humesha dard deti hain

खुद पर भरोसा करने का हुनर सीख लो
सहारे कितने भी सच्चे हो एक दिन साथ छोड़ ही जाते हैं...

मुस्कान भरे चेहरे के पीछे कितनी तड़प कितनी आग है
एक शायर कहीं छिपा हुआ था चेहरा दिखाया आज है

Soch raha hun ab bewafa hone ka tarika seekh lun
Muhabbat de de ke hum ne apni qadr kho di

बना के ताजमहल एक दोलतमन्द आशिक ने
गरीबो की मोहब्बत का तमाशा कर दिया

Hai duriya to kya hua
aj bhi pyar tumko najro se nahi dil se karta hu

Tujhe Haq Diya Hai Maine Dillagi Ka Aye Sanam
Tu Mere Dilse Khel Jab Tak Tera Dil Behal Na Jaye

ए खुदा तु ही मेरा इन्साफ़ कर दे
अगर दुरिया ही देनी थी तो मिलाया ही क्यो

तेरी तस्वीर की तारीफ करने से भी डरता हूँ
जमाना जान न जाए मुझे तु अच्छी लगती है

वो अच्छे हैं तो होंगे औरो के लिए
हमारा तो बुरा हाल कर रखा है

humare dard k bhi kya silsile hai
ek k baad ek muft mile hai

कल हम रहे या ना रहे
ये दिल तेरा हमेशा रहेगा